फेक मेडिसिन सप्लाई पर सख्ती, मीनाक्षी और अम्मान फार्मा पर एक्शन: दोनों फर्मो सहित 14 के खिलाफ हुयी कार्यवाही
आगरा / पुदुचेरी।आगरा और लखनऊ सहित देश के कई राज्यों में फर्जी दवाओं की सप्लाई करने वाली मीनाक्षी फार्मा और अम्मान फार्मा के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए पुदुचेरी ड्रग्स कंट्रोल विभाग ने दोनों फर्मों का लाइसेंस रद्द कर दिया है। यह कार्रवाई उस जांच का हिस्सा है, जिसमें इन कंपनियों का नाम अगस्त 2025 में आगरा में हुई छापेमारी के दौरान सामने आया था और बाद में इनके तार पुदुचेरी से जुड़े पाए गए।
पुदुचेरी में फर्जी और बिना लाइसेंस दवाओं के निर्माण व भंडारण के खिलाफ चलाए गए विशेष अभियान के तहत कुल 14 दवा निर्माण इकाइयों को सील किया गया, जिनमें सात बिना लाइसेंस संचालित हो रही थीं। इसके साथ ही छह दवा कंपनियों के लाइसेंस रद्द किए गए। यह कार्रवाई ड्रग्स एंड कॉस्मेटिक्स एक्ट, 1940 और उसके नियमों के तहत की गई।
ड्रग्स कंट्रोल विभाग की जांच में सामने आया कि कई इकाइयों में बिना वैध अनुमति के दवाओं का निर्माण और भंडारण किया जा रहा था। बड़ी मात्रा में एक्सपायर्ड और संदिग्ध नकली दवाएं, अवैध कच्चा माल, पैकेजिंग सामग्री और निर्माण में इस्तेमाल होने वाली मशीनरी बरामद की गई। जिन फर्मों पर कार्रवाई हुई, उनमें लॉर्वेन फार्मास्युटिकल्स प्राइवेट लिमिटेड, मीनाक्षी फार्मा, अम्मान फार्मा, न्यू जर्सी लाइफ केयर फार्मा, पार्म हाउस और श्रीसन फार्मा शामिल हैं।
इसके अलावा PIPDIC इंडस्ट्रियल एस्टेट, मेट्टुपालयम में बिना लाइसेंस संचालित अंबाल गोल्डन कैप्सूल्स और गोल्डन कैप्सूल्स को सील किया गया। कुरुम्बापेट राजस्व गांव, पूर्णनकुप्पम और थावलाकुप्पम क्षेत्रों में स्थित कई अवैध गोदामों पर भी कार्रवाई करते हुए उन्हें सील कर दिया गया है।
इस पूरे मामले का सीधा संबंध आगरा से भी जुड़ा है। आगरा पुलिस ने पहले ही मीनाक्षी फार्मा और अम्मान फार्मा के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया था, जिसमें ए.के. राणा और राजा को नामजद आरोपी बनाया गया था। हाल ही में आगरा पुलिस ने ए.के. राणा को पुदुचेरी से गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है, जबकि दूसरे आरोपी राजा के खिलाफ बी-वारंट लेकर पुलिस टीम पुदुचेरी में कार्रवाई कर रही है।
फर्जी दवाओं की सप्लाई में पुदुचेरी कनेक्शन सामने आने के बाद सीबीसीआईडी ने लगातार छापेमारी करते हुए करीब 25 करोड़ रुपये से अधिक कीमत के पैकेजिंग प्लांट और नकली दवाएं जब्त की हैं। इस नेटवर्क से जुड़े अब तक 13 लोगों को पुदुचेरी में जेल भेजा जा चुका है।
ड्रग्स कंट्रोल विभाग ने बताया कि 15 दवा फॉर्मूलेशन और 20 एक्टिव फार्मास्युटिकल इंग्रेडिएंट्स के सैंपल चेन्नई स्थित सेंट्रल ड्रग्स टेस्टिंग लैबोरेटरी भेजे गए हैं, ताकि दवाओं की गुणवत्ता, सुरक्षा और वैधानिक मानकों की जांच की जा सके। विभाग ने देशभर में अलर्ट जारी करते हुए फार्मेसियों के माध्यम से निगरानी बढ़ा दी है।
