बरहन हत्याकांड:: हादसा समझी गई वारदात निकली सुनियोजित हत्या
आगरा के थाना बरहन क्षेत्र में हुए हत्याकांड का पुलिस ने सनसनीखेज खुलासा किया है। 19 दिसंबर को सड़क किनारे एक युवक का शव मिलने से इलाके में हड़कंप मच गया था। शुरुआती जांच में इस घटना को सड़क हादसा माना गया और मुकेश चौहान की तहरीर पर अज्ञात के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया था।
संदेह होने पर बदली जांच की दिशा
जांच आगे बढ़ने पर पुलिस को मामला संदिग्ध प्रतीत हुआ। इसके बाद क्राइम सीन का बारीकी से निरीक्षण किया गया। आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली गई, कॉल लॉग्स और सर्विलांस डाटा का विश्लेषण किया गया, साथ ही मौके पर मिले ब्लड स्प्लैटर की फॉरेंसिक जांच कराई गई।
हादसा नहीं, सुनियोजित हत्या निकली
इन सभी साक्ष्यों के आधार पर पुलिस इस नतीजे पर पहुंची कि यह कोई सड़क हादसा नहीं, बल्कि एक सुनियोजित हत्या है। जांच के दौरान अनुज धाकरे नाम का युवक संदिग्ध पाया गया, जिसकी लोकेशन लगातार घटनास्थल के आसपास मिल रही थी।

पूछताछ में खुला राज
पुलिस की सख्त पूछताछ में अनुज धाकरे ने अपने साथियों के साथ मिलकर हत्या करने की बात कबूल की। पूछताछ में यह भी सामने आया कि आरोपियों का असली निशाना मुकेश चौहान था।
रंजिश की वजह आई सामने
इस पूरे मामले की जानकारी देते हुए ने बताया कि मुकेश चौहान के अनुज धाकरे की बहन से संबंध थे। शादी के बाद भी उसे परेशान किए जाने को लेकर आरोपी पक्ष में रंजिश थी, इसी वजह से हत्या की साजिश रची गई।
गलत पहचान बनी मौत की वजह
हालांकि, गलत पहचान के चलते आरोपी मुकेश की जगह उसके मामा के लड़के पुनीत को निशाना बना बैठे। बरहन के पास अंडरपास में बाइक से जाते समय पुनीत को रोका गया और मारपीट कर उसकी हत्या कर दी गई।
चार आरोपी गिरफ्तार
पुलिस ने इस मामले में अनुज धाकरे, मोहित कुमार, अनिरुद्ध उर्फ विकास और भानु प्रताप को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपियों के कब्जे से हत्या में प्रयुक्त गाड़ियां और अन्य महत्वपूर्ण साक्ष्य भी बरामद किए गए हैं।
जेल भेजने की कार्रवाई जारी
फिलहाल पुलिस ने सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेजने की कार्रवाई शुरू कर दी है और मामले में आगे की कानूनी प्रक्रिया जारी है।
