भारतीय वायुसेना के नाम पर ₹5.24 लाख का साइबर स्कैम,: पीड़ित ने दर्ज कराई FIR
आगरा में भारतीय वायुसेना के नाम पर एक प्रतिष्ठित फर्म से पांच लाख चौबीस हजार तीन सौ चौरासी रुपये की साइबर ठगी का मामला सामने आया है। जालसाजों ने खुद को खेरिया एयरफोर्स स्टेशन का सीनियर अकाउंट ऑफिसर बताकर पीड़ित को अपने झांसे में लिया। पीड़ित की शिकायत पर आगरा के साइबर क्राइम पुलिस थाने में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है।
फर्जी परचेज ऑर्डर देकर बुना जाल
शाहगंज क्षेत्र के केदार नगर निवासी पुनीत उप्रेती ने पुलिस को दी तहरीर में बताया कि उनके पिता के नाम पर टेकसैल्यूट इनकॉरपोरेशन नाम की फर्म रजिस्टर्ड है। उनके पास एक परचेज ऑर्डर प्राप्त हुआ। यह ऑर्डर कथित तौर पर एयरफोर्स स्टेशन खेरिया के सीनियर अकाउंट ऑफिसर मेजर कुलदीप सिंह द्वारा भेजा गया था, जिसमें सिलिकोन सीलेंट मटेरियल की मांग की गई थी।
गेट पास और वेरिफिकेशन के नाम पर वसूली
परचेज ऑर्डर मिलने के बाद पीड़ित फर्म ने मटेरियल तैयार किया और बिल बनाकर माल को खेरिया एयरफोर्स स्टेशन के लिए रवाना कर दिया। पीड़ित जब माल लेकर पहुंचा, तो कथित मेजर कुलदीप सिंह ने माल को गेट के बाहर ही रुकवा दिया।
जालसाज ने पीड़ित से कहा कि डिफेंस में डिलीवरी का नियम अलग होता है। माल को अंदर ले जाने और गेट एंट्री पास जारी करने के लिए पहले कमांडिंग ऑफिसर के अकाउंट में बिल की रकम जमा करानी होगी। अकाउंट वेरीफाई होते ही यह रकम माल की डिलीवरी के साथ वापस पीड़ित के खाते में ट्रांसफर कर दी जाएगी।
ग्यारह ट्रांजैक्शन में ऐंठे पांच लाख से अधिक रुपये
ठगों के झांसे में आकर पीड़ित ने उनके द्वारा दिए गए दो बैंक खातों में कुल ग्यारह ट्रांजैक्शन के जरिए पांच लाख चौबीस हजार तीन सौ चौरासी रुपये ट्रांसफर कर दिए। यह रकम पुनीत उप्रेती के पर्सनल कोटक महिंद्रा बैंक अकाउंट और फर्म के करंट अकाउंट से ट्रांसफर की गई थी। पैसे कटने के बाद जब संपर्क टूट गया, तब पीड़ित को ठगी का अहसास हुआ।
पुलिस कार्रवाई और जांच जारी
साइबर क्राइम पुलिस थाना, आगरा ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस अब उन बैंक खातों को ट्रेस कर रही है, जिनके जरिए इस पूरे स्कैम को अंजाम दिया गया है।
