आगरा: शेयर बाजार में रातों-रात दोगुना मुनाफा कमाने का लालच देकर साइबर ठगों ने मलपुरा के एक युवक को ₹5,13,000 की चपत लगा दी. ठगों ने मशहूर ट्रेडिंग कंपनी ‘5 Paisa’ का नकली (क्लोन) ऐप बनाकर इस पूरी वारदात को अंजाम दिया. पीड़ित की शिकायत पर आगरा की साइबर क्राइम पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है.
लिंक पर क्लिक करते ही बुना जाल
मलपुरा के ग्राम बरारा के रहने वाले बनवारी लाल ने पुलिस को बताया कि कुछ समय पहले सोशल मीडिया पर एक लिंक देखते ही उन्होंने उस पर क्लिक कर दिया था. इसके बाद उन्हें व्हाट्सएप के एक ग्रुप में जोड़ दिया गया. ग्रुप चलाने वालों ने दावा किया कि यह ‘5 Paisa’ कंपनी का ऑफिशियल ग्रुप है.
रोजाना 10 से 20% मुनाफे का झांसा
ग्रुप में आरोपियों ने पीड़ित को शेयर मार्केट में निवेश करने पर रोजाना 10 से 20 प्रतिशत तक का भारी मुनाफा देने का लालच दिया. इसके बाद उन्होंने बनवारी लाल को एक मोबाइल ऐप डाउनलोड करने को कहा, जो बिल्कुल असली ‘5 Paisa’ ऐप जैसा दिखता था. पीड़ित का भरोसा जीतने के लिए, वे जो भी पैसा ट्रांसफर करते, वह उस ऐप के वॉलेट में दिखाई देने लगता था. शातिर ठगों ने पैसे जमा करवाने के लिए हर बार एक नया यूपीआई (UPI) और बैंक खाता दिया.
एक महीने में किए 10 ट्रांजैक्शन, फिर ऐप हुआ जीरो
झांसे में आकर बनवारी लाल ने करीब एक महीने के भीतर अलग-अलग किश्तों में कुल ₹5,13,000 ट्रांसफर कर दिए. लेकिन बीते 26 फरवरी को जब उन्होंने ऐप खोला, तो उसमें दिख रहा सारा पैसा अचानक गायब (जीरो) हो गया. जब उन्होंने व्हाट्सएप पर विरोध जताया, तो आरोपियों ने उन पर और पैसे डालने का दबाव बनाया और बाद में बातचीत करना पूरी तरह बंद कर दिया.
जांच में जुटी साइबर पुलिस
धोखाधड़ी का पता चलते ही पीड़ित ने तुरंत साइबर सेल में शिकायत दर्ज कराई. मामले की गंभीरता को देखते हुए साइबर क्राइम थाना आगरा ने केस दर्ज कर लिया है. पुलिस अब उन बैंक खातों और डिजिटल ट्रांजैक्शन को खंगाल रही है जिनमें पैसा ट्रांसफर किया गया था, ताकि ठगों को दबोचा जा सके और पीड़ित की रकम वापस मिल सके।
